अब बिंदुखत्ता राजस्व ग्राम के लिए 30 हजार हस्ताक्षर केंद्र को भेजे; अजय भट्ट के बयान को बताया चुनावी

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लालकुआं। बिंदुखत्ता को राजस्व ग्राम घोषित किए जाने की मांग को लेकर चलाए गए ग्रामवार हस्ताक्षर अभियान के तहत 30 हजार से अधिक ग्रामीणों के हस्ताक्षर केंद्रीय जनजाति मंत्रालय, भारत सरकार को प्रेषित किए गए हैं। वन अधिकार संगठन, पूर्व सैनिक संगठन एवं समस्त बिंदुखत्तावासियों की ओर से तहसील लालकुआं में अवर सचिव, एफ.आर.ए. अनुभाग, केंद्रीय जनजाति मंत्रालय, भारत सरकार को प्रेषित पत्र में डीएलसी की स्वीकृति के आधार पर राजस्व ग्राम की अधिसूचना जारी कराने का अनुरोध किया गया है।

संगठन के अध्यक्ष उमेश भट्ट ने कहा है कि बिंदुखत्ता के 32 ग्रामों के 11,703 दावेदारों द्वारा प्रस्तुत राजस्व ग्राम के सामुदायिक दावे को 19 जून 2024 को जिला स्तरीय वन अधिकार समिति द्वारा सर्वसम्मति से स्वीकृत कर राजस्व ग्राम की अधिसूचना एवं बंदोबस्ती की प्रक्रिया शुरू करने के लिए उत्तराखंड शासन को भेजा जा चुका है। परंतु अधिसूचना जारी नहीं होने पर सभी 32 ग्रामों के दावेदारों ने राजस्व ग्राम की अधिसूचना के लिए ग्रामवार हस्ताक्षर अभियान चलाकर अधिसूचना जारी करने की मांग की है। इस अभियान में 878 पृष्ठों पर 30 हजार से अधिक लोगों ने हस्ताक्षर कर अपनी सामूहिक मांग दर्ज कराई है।

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ज्ञापन में यह भी कहा गया है कि बिंदुखत्तावासी 15 अगस्त 2026 से पदयात्रा कर रहे हैं तथा 27 सितंबर को तहसील लालकुआं में 20 हजार से अधिक लोगों की महारैली एवं धरना-प्रदर्शन के बाद अब 5 अक्टूबर तक अधिसूचना जारी नहीं होने पर ग्रामवार अनिश्चितकालीन धरना शुरू करेंगे।

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ज्ञापन सौंपने के बाद वन अधिकार समिति के अध्यक्ष अर्जुन नाथ गोस्वामी ने सांसद अजय भट्ट द्वारा आंदोलन को समर्थन देने और बिंदुखत्ता राजस्व ग्राम के मामले में दो समितियों से परीक्षण कराने की बात को चुनाव नजदीक आने पर जनता को गुमराह करने वाला बयान बताया। उन्होंने कहा कि सांसद पहले कहते रहे हैं कि सुप्रीम कोर्ट की रोक के कारण बिंदुखत्ता राजस्व ग्राम नहीं बन सकता, जबकि अब कैबिनेट में प्रस्ताव पारित कर फाइल केंद्र सरकार को भेजने की बात कही जा रही है। उन्होंने सांसद से सवाल किया कि क्या अब सुप्रीम कोर्ट की रोक हट गई है? यदि केंद्र सरकार के माध्यम से राजस्व ग्राम की स्वीकृति होनी है, तो बिंदुखत्ता के क्षेत्रफल से दोगुनी यानी 17 हजार एकड़ भूमि सरकार कहां से उपलब्ध कराएगी?

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इस अवसर पर संगठन के अध्यक्ष उमेश चन्द्र भट्ट सचिव बलवन्त बिष्ट, समिति के अध्यक्ष अर्जुन नाथ गोस्वामी, पूर्व सैनिक संगठन के अध्यक्ष खिलाप सिंह दानू, कैप्टन इन्दर सिंह पनेरी, नन्दन बोरा, भरत नेगी, रमेश गिरी गोस्वामी, कैप्टन भुपेश जोशी, नवीन जोशी भगवान सिंह माजिला एडवोकेट, मीना मेहता, ममता क बिष्ट, मंगल सिंह कोश्यारी, लक्की जोशी, दौलत सिंह कोरंगा, कैप्टन लोकपाल सिंह, सु० गोपाल सिंह, दीपक पाठक, दीपू पाण्डे, रामू भट्ट, प्रकाश पाठक शामिल रहे।