नेपाल आपदा में मृतकों की आत्मा की शांति के लिए भी की गई प्रार्थना, सत्य साधक विजेंद्र पांडे गुरु जी ने कहा- प्रकृति के साथ संतुलन बनाकर चलना जरूरी
श्रावस्ती। विश्व में शांति, सुख-समृद्धि और जीव मात्र के कल्याण की कामना को लेकर पावन राप्ती नदी के तट पर मां बगलामुखी हवन यज्ञ का आयोजन किया गया। जय मां पीतांबरी साधना एवं दिव्य योग ट्रस्ट के संस्थापक सत्य साधक श्री विजेंद्र पांडे गुरु जी के निर्देशन में आयोजित हवन यज्ञ में बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं ने आहुति देकर विश्व कल्याण की प्रार्थना की। इस दौरान नेपाल में आई प्राकृतिक आपदा में मृतकों की आत्मा की शांति तथा प्रभावित लोगों के लिए भी विशेष प्रार्थना की गई।
हवन यज्ञ के दौरान वैदिक मंत्रोच्चार और धार्मिक अनुष्ठानों के बीच श्रद्धालुओं ने मां बगलामुखी से विश्व में शांति स्थापित होने, सभी जीवों के कल्याण और मानव समाज को प्राकृतिक आपदाओं से सुरक्षा प्रदान करने की कामना की। श्रद्धालुओं ने कहा कि ऐसे धार्मिक एवं आध्यात्मिक आयोजनों से समाज में सकारात्मक ऊर्जा का संचार होने के साथ लोगों में सेवा, सद्भाव और प्रकृति के प्रति जिम्मेदारी की भावना भी मजबूत होती है।
विकास के साथ प्रकृति का संतुलन जरूरी : सत्य साधक विजेंद्र पांडे
भक्तजनों को संबोधित करते हुए सत्य साधक श्री विजेंद्र पांडे गुरु जी ने कहा कि वर्तमान समय में मानव और प्रकृति के बीच संतुलन लगातार बिगड़ रहा है, जिसके कारण प्राकृतिक आपदाओं का प्रभाव बढ़ता दिखाई दे रहा है। उन्होंने कहा कि विकास जरूरी है, लेकिन विकास की दिशा ऐसी होनी चाहिए जिसमें पर्यावरण और प्राकृतिक संसाधनों का संरक्षण भी सुनिश्चित हो। प्रकृति के साथ संतुलन बनाकर चलना ही मानव समाज के सुरक्षित भविष्य की आधारशिला है।
गुरु जी ने कहा कि भारतीय सनातन परंपरा में हवन-यज्ञ को केवल धार्मिक अनुष्ठान नहीं, बल्कि प्रकृति और वातावरण के प्रति आस्था एवं जिम्मेदारी से भी जोड़कर देखा गया है। हवन में आहुति और मंत्रोच्चार के माध्यम से वातावरण की शुद्धि तथा सकारात्मक ऊर्जा के प्रसार की भावना निहित है। उन्होंने कहा कि सामूहिक प्रार्थना और आध्यात्मिक साधना लोगों को एक-दूसरे के सुख-दुख में सहभागी बनने तथा समाज और विश्व के प्रति अपनी जिम्मेदारियों को समझने की प्रेरणा देती है।
राप्ती तट पर वर्षों से जारी है यज्ञ परंपरा
सत्य साधक विजेंद्र पांडे गुरु जी ने बताया कि राप्ती नदी के तट पर पिछले कई वर्षों से प्रत्येक मंगलवार और शनिवार को नियमित रूप से भवानी यज्ञ का आयोजन किया जा रहा है। इसका उद्देश्य आध्यात्मिक साधना के साथ विश्व शांति, लोक कल्याण और प्रकृति के संरक्षण की भावना को आगे बढ़ाना है। उन्होंने बताया कि ट्रस्ट की ओर से देश और प्रदेश के विभिन्न क्षेत्रों में भी समय-समय पर हवन यज्ञ एवं आध्यात्मिक अनुष्ठानों का आयोजन किया जाता है।
उन्होंने कहा कि आज पूरी दुनिया प्राकृतिक चुनौतियों का सामना कर रही है। ऐसे समय में प्रकृति के प्रति संवेदनशीलता, पर्यावरण संरक्षण और मानव कल्याण के संकल्प को मजबूत करने की आवश्यकता है। आध्यात्मिक आयोजनों के माध्यम से लोगों को आपसी भाईचारे, सेवा और सकारात्मक सोच के साथ आगे बढ़ने का संदेश दिया जा रहा है।
हवन यज्ञ के समापन पर श्रद्धालुओं ने मां बगलामुखी से विश्व में शांति, मानवता की रक्षा, प्राकृतिक आपदाओं से सुरक्षा और सभी जीवों के कल्याण की प्रार्थना की। इस अवसर पर संजय अवस्थी, सचिन सिंह, पूर्व अध्यक्ष अजय आर्य, हृदय राम यादव सहित बड़ी संख्या में भक्तजन मौजूद रहे।
